Day: February 8, 2016

तुम भी ढूँढो

भटकते हैं लोग करने सपने को साकार, कोई बेचता ख़ुद को कोई निकल पड़ता बेचने खुदा का आकार, अज्ञानतावश भूल मर्यादा  और जड़ों को अपनी, बस चल पड़ते हैं  खोज में  पता नहीं किसकी […]